दिव्य रश्मि न्यूज़ चैनल |
- धूप धूप चल जब तक
- नोएडा की सीईओ को कोर्ट में पेश करने का सुप्रीम आदेश
- विकास दुबे व उनके संबंधियों की 67 करोड़ की सम्पत्तियां जब्त
- धामी ने उपचुनाव के लिए किया नामांकन
- पति का सपना पूरा कर बनी लेफ्टिनेंट
- दो बेटियों ने नीमच का नाम किया रोशन
- फरिश्ता बना पुलिस सब इंस्पेक्टर
- बेहतर हुए भारत-फ्रांस संबन्ध
- बंधे हैं दिल्ली राज्य के हाथ
- अमेरिकी कंपनियों में रूस की एन्ट्री वैन
- सोलोमन द्वीप पर चीन को सैन्य अड्डे की इजाजत नहीं
- पाक के सांसद से उसकी बीवी ने मांगा तलाक
- रूस ने मनाया 77वां विजय दिवस
- जीकेसी कर्नाटक और बेंगालुरु ने मनाया चित्रगुप्त जयंती
- हिन्दुओ, जीवित रहना हो, तो लडना सीखें, आत्मरक्षा करना सीखें !- टी. राजासिंह, भाजपा विधायक, तेलंगाना
- लिवर ट्रांसप्लांट के नई तकनीक पर आयोजित हुआ सेमिनार
- 10 मई 2022, मंगलवार का दैनिक पंचांग एवं राशिफल - सभी १२ राशियों के लिए कैसा रहेगा आज का दिन ? क्या है आप की राशि में विशेष ? जाने प्रशिद्ध ज्योतिषाचार्य पं. प्रेम सागर पाण्डेय से |
- ‘जनता के दरबार में मुख्यमंत्री’ कार्यक्रम में शामिल हुए मुख्यमंत्री, 133 लोगों की सुनी समस्यायें, अधिकारियों को दिए आवश्यक दिशा-निर्देश
- सत्ता की खामोशी हमको, उत्तेजित कर जाती है
- संज्ञा समिति गयाधाम (बिहार )के द्वारा व्रत पर्व जयंती निर्णय पत्रिका का लोकार्पण
- दूर देश मत जा।
| Posted: 09 May 2022 08:29 AM PDT
|
| नोएडा की सीईओ को कोर्ट में पेश करने का सुप्रीम आदेश Posted: 09 May 2022 08:25 AM PDT नोएडा की सीईओ को कोर्ट में पेश करने का सुप्रीम आदेशनोएडा। आईएएस और आईपीएस अधिकारियों द्वारा लगातार कोर्ट के आदेशों की अवहेलना करने पर सुप्रीम कोर्ट ने नाराजगी दिखाते हुए, नोएडा ऑथोरिटी की सीईओ रितु माहेश्वरी के खिलाफ जारी अवमानना नोटिस के खिलाफ सुनवाई करते हुए इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश को बरकरार रखा है। सुप्रीम कोर्ट ने रितु माहेश्वरी की उस याचिका को खारिज कर दिया जिसमें, उन्होंने अवमानना नोटिस से राहत की अपील की थी। कोर्ट ने पुलिस को आदेश दिया है कि रितु माहेश्वरी को कस्टडी में लेकर हाईकोर्ट में पेश करे। गौरतलब है कि नोएडा अथॉरिटी की सीईओ रितु महेश्वरी को इलाहाबाद हाईकोर्ट के सामने समय से उपस्थित न होना भारी पड़ गया है। एक मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट ने सीईओ को पुलिस कस्टडी में लेकर अदालत में पेश करने का आदेश दिया था। इतना ही नहीं इलाहाबाद हाईकोर्ट की बेंच ने गौतमबुद्ध नगर के सीजेएम को आदेश का अनुपालन करवाने की जिम्मेदारी सौंपी है। कोर्ट ने सख्त टिप्पणी करते हुए कहा कि "जब सुनवाई का समय सुबह 10 बजे का है और आप साढ़े दस बजे की फ्लाईट पकड़ रही है। ये कोर्ट आपकी सहूलियत के हिसाब से नहीं चलता।" सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि नोएडा की सीईओ रितु महेश्वरी के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी करने का यह पर्याप्त आधार है। अदालत में कहा, रितु महेश्वरी के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी किया जाता है। गौतमबुद्ध नगर के मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट इसका पालन करवाएंगे। मामले की अगली सुनवाई 13 मई 2022 को होगी। उस दिन नोएडा की मुख्य कार्यपालक अधिकारी रितु महेश्वरी को पुलिस कस्टडी में अदालत के सामने पेश किया जाए। रितु महेश्वरी को हाईकोर्ट ने 4 मई की सुनवाई में हाजिर रहने का आदेश दिया था। अदालत ने विगत 28 अप्रैल को सुनवाई करते हुए निर्देश दिया कि मामले की सुनवाई 4 मई को होगी। उस दिन नोएडा मुख्य कार्यपालक अधिकारी रितु महेश्वरी खुद अदालत में मौजूद रहेंगी। दरअसल, 28 अप्रैल को हुई सुनवाई के दिन भी रितु महेश्वरी अदालत में हाजिर नहीं हुई थीं। अब जब गुरुवार को इस मामले की सुनवाई शुरू हुई तो नोएडा अथॉरिटी के वकील रविंद्र श्रीवास्तव अदालत में मौजूद थे। उन्होंने बताया कि रितु माहेश्वरी ने सुबह 10 बजे की फ्लाइट पकड़ी है। इस पर कोर्ट ने सख्त नाराजगी जाहिर की और कहा कि उनके खिलाफ अवमानना का मामला बनता है। इस आदेश के खिलाफ रितु माहेश्वरी ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था, लेकिन उन्हें राहत नहीं मिली। नोएडा के सेक्टर-82 में प्राधिकरण ने 30 नवंबर 1989 और 16 जून 1990 को अर्जेंसी क्लॉज के तहत भूमि अधिग्रहण किया था, जिसे जमीन की मालकिन मनोरमा कुच्छल ने चुनौती दी थी।हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| विकास दुबे व उनके संबंधियों की 67 करोड़ की सम्पत्तियां जब्त Posted: 09 May 2022 08:23 AM PDT विकास दुबे व उनके संबंधियों की 67 करोड़ की सम्पत्तियां जब्तकानपुर। उत्तर प्रदेश के बहुचर्चित बिकरू कांड के बाद एनकाउंटर में मारे गए हिस्ट्रीशीटर विकास दुबे और उसके रिश्तेदारों की 67 करोड़ संपत्तियां जब्त कर ली गई हैं। दुबे को यूपी पुलिस ने एनकाउंटर में मार गिराया था। इसके बाद कानपुर आउटर के एसपी अजीत सिन्हा की रिपोर्ट पर डीएम कोर्ट ने उसकी संपत्तियों को अटैच करने का आदेश दिया। इन जब्त हुई संपत्तियों में विकास दुबे की पत्नी की संपत्ति, मां की संपत्ति और दोनों बेटों की संपत्ति शामिल है। प्रशासन द्वारा अटैच की गई संपत्तियों में बिकरू, चैबेपुर, कानपुर देहात और लखनऊ में स्थित 13 अचल और 10 चल संपत्तियां शामिल हैं। अब इन संपत्तियों पर तहसीलदार स्तर का अधिकारी बतौर रिसीवर तैनात होगा। इसके अलावा कानपुर देहात और लखनऊ डीएम को रिसीवर बैठाने के लिए पत्र भेजा जाएगा। बता दें कि 2 जुलाई 2020 को कानपुर में बहुचर्चित बिकरू कांड हुआ था, जिसमें विकास दुबे और उसके गुर्गों ने उन्हें पकड़ने के लिए गांव पहुंची पुलिस टीम पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी थी। इस मुठभेड़ में 8 पुलिसकर्मी शहीद हो गए थे। इस घटना ने तब खूब सुर्खियां बटोरी थी। इसके बाद पुलिस ने विकास दुबे के कई साथियों को एनकाउंटर में मार गिराया था, जबकि खुद विकास फरार हो गया था। पुलिस ने कुछ दिनों बाद उसे मध्य प्रदेश के उज्जैन में पकड़ा था। हालांकि यूपी लाने के दौरान रास्ते में कथित रूप से फरार होने के दौरान पुलिस की गोलियों से उसकी मौत हो गई थी। बिकरू कांड के बाद प्रशासन ने गांव में स्थित विकास दुबे के मकान को बुलडोजर चलाकर जमींदोज कर दिया था, वहीं उसकी तथा उसकी पत्नी रिचा दुबे और दूसरे रिश्तेदारों की संपत्तियों की भी तफ्तीश कर रही थी। हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| धामी ने उपचुनाव के लिए किया नामांकन Posted: 09 May 2022 08:21 AM PDT धामी ने उपचुनाव के लिए किया नामांकन
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने चंपावत उपचुनाव के लिए सोमवार को नामांकन करा दिया है। आरओ और टनकपुर एसडीएम हिमांशु कफल्टिया ने सीएम के नामांकन की प्रक्रिया पूरी की। यहां उनके साथ पूर्व मुख्यमंत्रियों समेत केंद्रीय मंत्री और कैबिनेट मंत्री के अलावा विभिन्न विधानसभाओं के विधायक मौजूद रहे। नामांकन के बाद सीएम ने गोलज्यू के दरबार में पूजा अर्चना की।सीएम धामी इसके बाद जनसभा के लिए मोटर स्टेशन को रवाना हो गए हैं। उन्होंने कहा कि यह दशक उत्तराखंड का दशक है। विकास से जुड़ी कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं। उन्होंने कहा पर्वतीय जिलों में बुनियादी सुविधाओं के विकास सहित शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, पेयजल आदि मुद्दों पर विशेषतौर से फोकस किया जा रहा है।सीएम पुष्कर सिंह धामी को चुनावी टक्कर देने के लिए तैयार बैठी कांग्रेस उम्मीदवार निर्मला गहतौड़ी 11 मई को नामांकन करने जा रही हैं। नामांकन प्रक्रिया के दौरान कांग्रेस के कई दिग्गज भी मौजूद रहेंगे। धामी ने कहा कि भाजपा की ही जीत होगी क्योंकि भारतीय जनता दल सबका विकास-सबका साथ पर विश्वास करती है। सीएम धामी ने कहा कि समाज के हर वर्ग के लिए कई कल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही हैं। चारधाम यात्रा रूट पर ऑल वेदर रोड और हर नल जल योजना से ग्रामीणों को पेयजल मुहैया कराया जा रहा है। विधानसभा चुनाव 2022 में खटीमा विधानसभा सीट में हार के बाद पुष्कर सिंह धामी के लिए चंपावत विधायक कैलाश गहतोड़ी ने सीट छोड़ी है। चंपावत विधानसभा सीट को भाजपा का मजबूत गढ़ माना जाता है। पिछले चुनाव की बात करें तो भाजपा के कैलाश गहतोड़ी ने कांग्रेस उम्मीदवार हेमेश खार्कवाल को 5304 वोटों से मात दी थी। कैलाश को 32,547 वोट, जबकि कांग्रेस के हेमेश खर्कवाल को 27,243 वोट मिले थे। हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| पति का सपना पूरा कर बनी लेफ्टिनेंट Posted: 09 May 2022 08:19 AM PDT पति का सपना पूरा कर बनी लेफ्टिनेंटमध्य प्रदेश के ही रीवा में दो साल पहले लद्दाख की गलवान घाटी में चीनी सैनिकों से हुई झड़प में शहीद हुए दीपक सिंह की पत्नी रेखा भी लेफ्टिनेंट बन गई हैं। वे 28 मई से शुरू हो रही ट्रेनिंग के लिए चेन्नई जाएंगी। इस मौके पर उन्होंने कहा कि मैंने अपने पति के सपने को पूरा किया है। वे चाहते थे कि मैं अधिकारी बनूं। उनकी शहादत के बाद मैंने इस सपने को पूरा करने का संकल्प लिया था। लेफ्टिनेंट रेखा ने बताया कि इस संकल्प को पूरा करने में उनके मायके और ससुराल ने पूरा सहयोग दिया। लेफ्टिनेंट रेखा सिंह ने बताया कि जब कोई नव विवाहिता किसी कारणवश अपने पति को खो देती है तो परिवार और समाज उस बेटी के भविष्य को लेकर अनेक प्रश्नचिन्ह लगाते हैं। कई बार लोग महिलाओं पर तरह-तरह के लांछन लगाते हैं। भविष्य के आगे बढ़ने के उसके सभी रास्ते बंद करने की कोशिश करते हैं। मैं ऐसे लोगों का मुंह बंद करने और अपनी बहनों को हौंसला देने के लिए सेना में शामिल हुई हूं। गौरतलब है कि लांस नायक शहीद दीपक सिंह की पत्नी रेखा ने शादी के महज 15 महीने बाद ही पति को खो दिया था। दीपक 15 जून 2020 को लद्दाख के गलवान घाटी में शहीद हो गए थे। उन्होंने चीनी सैनिकों के साथ कड़ा मुकाबला किया था। दीपक सिंह को मरणोपरांत वीर चक्र से सम्मानित किया गया था। रेखा सिंह जवाहर नवोदय विद्यालय सिरमौर में टीचर थीं। उनके मन में टीचर बनकर समाज की सेवा करने के सपने थे। शादी के बाद पति दीपक सिंह ने उन्हें अधिकारी बनने के लिए प्रेरित किया था। रेखा सिंह भी पति की प्रेरणा पर चल रही थीं। पति की शहादत के बाद मध्य प्रदेश सरकार ने उन्हें शिक्षाकर्मी वर्ग दो पद पर नियुक्ति दे दी थी। उन्होंने पूरी जिम्मेदारी से अपना दायित्व निभाया, लेकिन उनके मन में सेना में जाने की इच्छा बनी रही। उन्होंने जिला सैनिक कल्याण कार्यालय से इस संबंध में चर्चा की। रेखा सिंह को जिला प्रशासन और जिला सैनिक कल्याण कार्यालय ने मदद की और वे आज लेफ्टिनेंट हैं। हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| दो बेटियों ने नीमच का नाम किया रोशन Posted: 09 May 2022 08:16 AM PDT दो बेटियों ने नीमच का नाम किया रोशन
मध्य प्रदेश के नीमच की दो बेटियों वंशिता गुप्ता और दीर्घा अग्रवाल ने पूरे देश में जिले का नाम रोशन किया है। दोनों मध्य प्रदेश हाई कोर्ट की सिविल जज वर्ग-2 परीक्षा पास कर सिविल जज बन गई हैं। वंशिता के पिता अरविंद गुप्ता जहां सिविल जज के ड्राइवर हैं, तो वहीं दीर्घा के पिता जितेंद्र अग्रवाल किताबें बेचते हैं। दोनों ने अपने-अपने परिवारों का सपना पूरा किया। वंशिता ने जहां पहले ही प्रयास में 7वीं रैंक हासिल की, वहीं दीर्घा ने दूसरे प्रयास में सफलता हासिल की। दोनों युवतियों ने इस सफलता का श्रेय माता-पिता और कड़ी मेहनत को दिया है। इस परीक्षा की तैयारी के लिए दोनों ने बाकायदा प्लानिंग कर पढ़ाई की। पूरे दिन का टाइम टेबल बनाया और उसके हिसाब से पढ़ाई की। वंशिता ने बताया कि उसके दादा रमेशचंद गुप्ता भी न्यायालय में रीडर थे। वे फिलहाल वकालत के लिए मंदसौर शिफ्ट हो गए हैं। वहीं, उनके पिता अरविंद गुप्ता वर्तमान में जिला कोर्ट में लघु वेतन कर्मचारी हैं। वंशिता को जज बनने की प्रेरणा घर से ही मिली, क्योंकि वो घर में उसी माहौल में रही है और अदालतों की बातें ही सुनती थी। वंशिता ने बताया कि घर के बड़ों की मेहनत देख मुझे भी प्रेरणा मिलती थी। मैं ये ठान चुकी थी कि जीवन में कुछ अलग तो करना है। पिताजी भी अक्सर यही बात किया करते थे। दीर्घा ने बताया कि उनके दादा कन्हैयालाल भी वकील थे। शहर के वरिष्ठ और प्रतिष्ठित वकीलों में उनकी गिनती होती थी। दीर्घा के मुताबिक, दादा ने ही उन्हें बचपन से अदालत में काम करने की प्रेरणा दी। बता दें, दीर्घा साल 2019 में भी सिविल जज की परीक्षा पास कर चुकी थीं लेकिन, इंटरव्यू पास नहीं कर सकीं। इसके बाद वे फिर जी-जान से उसीमें जुट गईं और आखिर सिवल जज बन ही गईं। गौरतलब है कि प्रदेशभर के न्यायालयों में रिक्त 252 पदों के लिए लिखित परीक्षा मार्च माह में आयोजित हुई थी। इसमें देशभर के करीब 350 अभ्यर्थियों ने हिस्सा लिया था। इसी परीक्षा में वंशिता और दीर्घा शामिल हुई थीं। हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| फरिश्ता बना पुलिस सब इंस्पेक्टर Posted: 09 May 2022 08:11 AM PDT फरिश्ता बना पुलिस सब इंस्पेक्टर
पुलिस का नाम सुनते ही लोगों के जेहन में रौबदार छवि उभरकर सामने आ जाती है, लेकिन हरदोई में पुलिस की रहम दिली की तस्वीरें सामने आई हैं। पति से अनबन के बाद शिकायत करने थाने पहुंची गर्भवती महिला की हालत बिगड़ने पर पुलिसकर्मियों ने उसे अस्पताल में भर्ती कराया। चिकित्सकों ने ब्लड का इंतजाम करने की बात कही तो परिवार के लोग ब्लड की व्यवस्था नहीं कर सके। ऐसे में फरिश्ता बनकर सामने आये एक सब इंस्पेक्टर ने अस्पताल जाकर रक्तदान कर गर्भवती महिला की जान बचाई और मानवता की मिसाल पेश की। सब इंस्पेक्टर की इस दरियादिली की खूब तारीफ हो रही है तो वहीं महिला के परिजन उन्हें जी भर कर दुआएं दे रहे हैं। दरअसल हरदोई कोतवाली देहात थाना क्षेत्र के बलदेव पुरवा गांव के रहने वाले पिंटू की पत्नी कोमल 8 माह की गर्भवती हैं। कोमल के पति ने उसकी देखभाल नहीं की लिहाजा पति से अनबन के बाद कोमल शिकायत करने महिला थाना पहुंची थी जहां महिला थाना एसएचओ रामसुखारी ने महिला की तबीयत खराब देखी तो उसे उपचार के लिए मेडिकल कॉलेज में भर्ती करा दिया। मेडिकल कॉलेज में परिवार के लोगों को चिकित्सकों ने महिला के लिए ब्लड का इंतजाम करने की सलाह दी, लेकिन परिवार के लोग महिला के लिए ब्लड का इंतजाम नहीं कर सके। महिला के परिजनों ने महिला थाना एसएचओ रामसुखारी से मिलकर उन्हें अपनी पीड़ा बताई। महिला थाना एसएचओ ने अपने ग्रुप पर एक मैसेज डाल कर लोगों से रक्तदान की अपील की। मैसेज पढ़ने के बाद पुलिस लाइन कंट्रोल रूम में तैनात सब इंस्पेक्टर अनुज बालियान सामने आये और महिला के लिए रक्तदान करने का फैसला किया।सब इंस्पेक्टर अनुज बालियान मेडिकल कॉलेज पहुंचे और रक्तदान किया। जिसके बाद गर्भवती महिला कोमल के लिए ब्लड का इंतजाम हो सका। सब इंस्पेक्टर की इंसानियत से महिला की जान बच गई। अब उम्मीद की जा रही है कि जच्चा और बच्चा दोनों स्वस्थ होंगे। रक्तदान कर महिला की जान बचाने वाले सब इंस्पेक्टर की दरियादिली से महिला का परिवार बेहद खुश है और उन्हें जी भर कर दुआएं दे रहा है। वहीं सब इंस्पेक्टर के इस कदम से विभागीय अफसर भी उनकी प्रशंसा कर रहे हैं। हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| Posted: 09 May 2022 08:04 AM PDT बेहतर हुए भारत-फ्रांस संबन्ध(डॉ. दिलीप अग्निहोत्री-हिन्दुस्तान समाचार फीचर सेवा) विदेश नीति नेतृत्व के व्यक्तित्व से भी प्रभावित होती है। दो देशों के बीच बेहतर समझदारी से द्विपक्षीय संबन्ध सुदृढ़ होते है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपनी विदेश नीति में इस तत्व को बखूबी समाहित किया है। अपवाद छोड़ दें तो अन्य सभी देशों से उन्होंने इस स्तर पर ही संवाद किया है। इसके चलते दुनिया में भारत का महत्व बहुत बढा है। फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों से भी नरेंद्र मोदी की मुलाकात के बाद दोनों देशों की आपसी समझ बेहतर रही है। यह संयोग है कि वह कुछ दिन पहले ही आम चुनाव में विजयी होकर पुनः फ्रांस के राष्ट्रपति बने है। दूसरी पारी की शुरुआत में ही उन्हें अपने मित्र नरेंद्र मोदी से मिलने का अवसर मिला। यह नरेंद्र मोदी की मित्रता का ही असर था जब वह पिछले कार्यकाल में काशी और विंध्याचल की यात्रा पर आए थे। यूरोप यात्रा के तीसरे चरण में नरेंद्र मोदी फ्रांस पहुंचे थे। भारत और फ्रांस के संबन्ध बहुत मजबूत है। वह भारत के सबसे मजबूत साझेदारों में से एक है। दोनों देश अनेक क्षेत्रों में परस्पर सहयोग कर रहे है। भारत फ्रांस की रणनीतिक साझेदारी आगे बढ़ रही है। नरेंद्र मोदी और इमैनुअल मैक्रों के बीच बातचीत से और उपयोगी हुई। इसमें रक्षा व अंतरिक्ष क्षेत्र में मिलकर काम करने पर सहमति बनी। मोदी और मैक्रों ने राष्ट्रपति आवास पर वार्ता की और फिर प्रतिनिधिमंडल में स्तरीय बातचीत भी हुई। भारत और फ्रांस के कूटनीतिक संबंधों की पचहत्तरवीं वर्षगांठ पर हुई इस मुलाकात का विशेष महत्व था। द्विपक्षीय और वैश्विक मुद्दों पर वार्ता हुई।भारत व फ्रांस रणनीतिक साझेदारी को बढ़ाने पर सहमत हुए। हिंद प्रशांत व यूक्रेन संकट पर भी चर्चा हुई। दोनों नेताओं ने रक्षा,अंतरिक्ष,असैन्य परमाणु सहयोग और लोगों से लोगों के बीच संबंधों सहित द्विपक्षीय संबंधों के सभी प्रमुख क्षेत्रों पर व्यापक चर्चा की। भारत और फ्रांस ने माना कि वो एक-दूसरे को हिंद-प्रशांत क्षेत्र में प्रमुख साझेदार के रूप में देखते हैं। इस मुलाकात में राफेल डील का मसला एक बार फिर ताजा हो गया। भारत की विपक्षी पार्टियां व चीन पाकिस्तान जैसे दुश्मन देश इस डील को रुकवाने का पुरजोर प्रयास कर रहे थे। इस डील को लेकर कांग्रेस के नेता चैकीदार चोर के नारे लगवा रहे थे। इसमें फ्रांस को भी लपेटने का प्रयास किया गया था लेकिन फ्रांस ने बड़ी दृढ़ता से इस मुहिम को नाकाम कर दिया। यह डील पूरी हुई। राफेल विमान भारतीय वायु सेना की शक्ति बढा रहे है। राफेल को औपचारिक रूप से वायु सेना में शामिल करने का आयोजन किया गया था। फ्रांस की तत्कालीन रक्षामंत्री इसके लिए भारत आईं थी। यह एक प्रकार से सभी परिस्थिति में फ्रांस के भारत के साथ रहने का सन्देश था। इसी के साथ राफेल व तेजस का संयुक्त एयर शो हुआ था। यह भी औपचारिकता मात्र नहीं थी। इसका भी सामरिक महत्व व सन्देश था। भारत व फ्रांस निर्मित विमान संयुक्त रूप से दुश्मन मुल्क को जवाब देने में सक्षम हैं। दोनों के बीच इतना विश्वास और सहयोग का माहौल पहले कभी नहीं था। इसका विस्तार भी अभूतपूर्व है। पिछले कार्यकाल के दौरान राष्ट्रपति इमैनुअल मैक्रो भारत यात्रा पर आए थे। तब उनकी यात्रा में मिर्जापुर के छानबे ब्लाक से लेकर हिन्द महासागर का इलाका भी शामिल था। फ्रांस बड़ी मात्रा में निवेश पर सहमत हुआ था। जहाँ निवेश किया था, उस जगह जाना भी विदेशी राष्ट्रपति के लिए सुखद रहा था। इमैनुअल मेक्रों ने कभी सपने में भी नहीं सोचा होगा कि वह भगवान भोलेनाथ और माँ विंध्यवासिनी की नगरी की यात्रा करेंगे। लेकिन, नरेंद्र मोदी की विदेश नीति में ऐसे तत्व भी शामिल रहते हैं। वह विंध्याचल के पास छानवे ब्लाक गए थे। यहां विंध्याचल धाम की चुनरी से उनका स्वागत किया गया था। यहाँ से वह दुनिया की सबसे प्राचीन नगरी भोले बाबा की काशी पहुंचे थे। गंगा में नौका विहार किया था। काशी में उनकी उपस्थिति में हर हर महादेव का परंपरागत उद्घोष होता रहा। चैरासी घाटों पर भारतीय संस्कृति का जीवंत रूप दिखाई दिया। अपने राजनीतिक जीवन में वह दुनिया के अनेक स्थानों पर गए होंगे, लेकिन वसुधा को कुटुंब समझने वाली ऐसी संस्कृति के दर्शन उनको कहीं नहीं हुए होंगे। बहुत संभव है कि नरेंद्र मोदी भारत की इस दार्शनिक धरोहर से दुनिया को परिचित कराना चाहते थे। भारत और फ्रांस के बीच रक्षा और परमाणु ऊर्जा सहित अनेक अहम समझौते हुए थे। दोनों देश एकदूसरे के जंगी जहाजों के लिए अपने नौसैनिक अड्डे खोलने के लिये राजी हुए थे। रक्षा और सामरिक जानकारी की उचित गोपनीयता भी कायम रखे जाने पर सहमति बनी थी। जिससे अन्य देश उसका लाभ न उठा सके। जाहिर तौर पर यह सहमति चीन और पाकिस्तान जैसे देशों के मद्देनजर बनाई गई थी। इससे अनुमान लगाया जा सकता है भारत व फ्रांस एक दूसरे के विश्वसनीय सहयोगी है। दोनों देशों के सामुद्रिक और सामरिक समझौतों से चीन की विस्तारवादी चाल का मुकाबला करना आसान हुआ है। दोनों देशों के सैनिक एक दूसरे के सैन्य ठिकानों का इस्तेमाल और साजो सामान का आदान प्रदान भी कर सकेंगे। युद्ध अभ्यास, प्रशिक्षण,आपदा राहत कार्यो में दोनों देश सहयोग करेंगे। इसके अलावा शिक्षा, पर्यावरण,शहरी विकास,रेलवे,सौर ऊर्जा के क्षेत्र में भी सहयोग बढ़ा रहा है। आतंकवाद के खिलाफ साझा रणनीति पर अमल किया जा रहा है। फ्रांस पर भी कई बार आतंकी हमले हो चुके हैं। अंतरिक्ष प्रौद्योगिक क्षेत्र में आपसी सहयोग तेज किया गया है। इसका प्रयोग समुद्री क्षेत्र में किया जाएगा। परमाणु सहयोग के तहत जैतापुर संयंत्र का कार्य जल्दी पूरा करने का करार हुआ था। यहाँ छह परमाणु संयंत्र लगाए जाएंगे। इसकी क्षमता सोलह सौ पचास मेगावाट होगी। महाराष्ट्र के तट पर बनने वाला यह देश का सबसे बड़ा न्यूक्लियर पार्क होगा। दोनों देशों का व्यापार अगले कुछ वर्षों में पन्द्रह अरब यूरो तक पहुँचने की संभावना है। इसका रोडमैप बना लिया गया है। दोनों देशों की कम्पनियों ने अलग से पन्द्रह अरब डॉलर के समझौते किये थे। मिर्जापुर जिले के छानवे ब्लॉक के दादरा कला में उत्तर प्रदेश के सबसे बड़े सौर ऊर्जा संयंत्र का लोकार्पण किया गया। फ्रांस के सहयोग से यह प्लांट बना है। इसकी क्षमता पचहत्तर मेगावाट है। इसे सौ मेगावाट तक बढ़ाया जाएगा। तीन सौ बयासी एकड़ में बने इस संयंत्र से पांच लाख यूनिट बिजली का उत्पादन होगा। दोनों देशों के द्विपक्षीय आर्थिक और व्यापारिक रिश्तों में बहुत सुधार हुआ साथ ही आपसी सहयोग बढ़ा। चीन की विस्तारवादी गतिविधियों के विरोध में अब फ्रांस भी भारत के साथ आ गया है। फ्रांस ने माना कि वैश्विक स्तर पर भारत की स्थिति बहुत मजबूत हुई है। इसीलिए फ्रांस ने चीन के मुकाबले भारत का खुलकर साथ देने का निर्णय किया है। हिन्द महासागर में चीन कृत्रिम बन्दरगाह और सैन्य ठिकाने बना रहा है। शांति चाहने वाले देशों के लिए यह चिंता का विषय है। ऐसे में फ्रांस के साथ हुआ समझौता बेहद महत्वपूर्ण है। फ्रांस और भारत मिलकर उपग्रह से भी यहां निगरानी करेंगे। दोनों देशों के सैनिक संयुक्त कार्यवाई भी करेंगे। इसके साथ ही आतंकवाद के मुकाबले का साझा मंसूबा भी महत्वपूर्ण है। अन्य देशों के मुकाबले फ्रांस का इसे लेकर दोहरा मापदंड नहीं है। हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| Posted: 09 May 2022 07:49 AM PDT बंधे हैं दिल्ली राज्य के हाथ(अशोक त्रिपाठी-हिन्दुस्तान समाचार फीचर सेवा) एक बार फिर यह मामला गर्म हुआ कि दिल्ली राज्य में अफसरों की ट्रांसफर-पोस्टिंग का अधिकार किसके पास होना चाहिए। देश की सबसे बड़ी अदालत एक बार इस पर फैसला कर चुकी थी लेकिन केन्द्र की नरेन्द्र मोदी-2 सरकार ने कानून बना दिया कि दिल्ली का सर्वेसर्वा लेफ्टीनेंट गवर्नर (उपराज्यपाल) ही होगा। यह मामला अदालत में पहुंचा और सुप्रीम कोर्ट ने एक समिति बना दी। केन्द्र सरकार ने यह कानून भी उस समय बनाया था जब पांच राज्यों (यूपी, उत्तराखण्ड, पंजाब, मणिपुर और गोवा) के विधानसभा चुनाव हो रहे थे। इसलिए मीडिया ने इस तरफ ज्यादा ध्यान भी नहीं दिया था। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविन्द केजरीवाल तीसरी बार मुख्यमंत्री बने हैं और 2013 से अब तक वे दिल्ली को पूर्ण राज्य का दर्जा दिलाने के लिए आवाज भी उठा रहे हैं लेकिन राष्ट्रीय राजधानी होने के चलते उनकी बात नहीं मानी गयी। संविधान की धारा 239 एए कहती है कि एलजी अर्थात लेफ्टीनेंट गवर्नर दिल्ली की चुनी हुई सरकार की सलाह मानने को बाध्य नहीं है जबकि बाकी राज्यों में राज्यपाल चुनी हुई सरकार के फैसले मानने को बाध्य है। इसलिए दिल्ली के उपराज्यपाल अरविन्द केजरीवाल की सरकार के फैसले और आदेश पलटते रहते हैं। ऐसा राजनीतिक कारणों से भी होता है, इसमें कोई संदेह नहीं क्योंकि नरेन्द्र मोदी की सरकार पूर्ववर्ती केन्द्र सरकारों से भिन्न है। सुप्रीम कोर्ट ने हालांकि 14 फरवरी 2019 को अधिकारों का बंटवारा करते समय चुनी हुई सरकार को ही वरीयता दी थी। दिल्ली के अधिकारियों के ट्रांसफर-पोस्टिंग का मसला सुप्रीम कोर्ट ने 5 जजों की संविधान पीठ को सौंप दिया है। यानी दिल्ली में प्रशासनिक सेवाओं को कौन नियंत्रित करेगा, इसका फैसला सुप्रीम कोर्ट की 5 जजों की संविधान पीठ तय करेगी। अब इस मसले पर सुप्रीम कोर्ट में 11 मई को सुनवाई है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि मामले का जल्द निपटारा किया जाएगा, साथ ही यह भी कहा कि कोई भी पक्ष सुनवाई टालने के आवेदन न दे। दिल्ली सरकार अधिकारियों पर पूर्ण नियंत्रण की मांग कर रही है। दरअसल, पिछली सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट ने अपना आदेश सुरक्षित रख लिया था। सिविल सर्विसेज पर नियंत्रण को लेकर दिल्ली सरकार ने केंद्र के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर अधिकारियों के ट्रांसफर-पोस्टिंग के अधिकार की मांग की है। पिछली सुनवाई में ही सुप्रीम कोर्ट ने संकेत दिया था कि वह मामले को 5 जजों के संविधानिक पीठ के पास भेज सकता है। दिल्ली सरकार की तरफ से वकील अभिषेक मनु सिंधवी ने कहा था कि इस मामले में संविधान पीठ का फैसला पहले से ही है। केंद्र सरकार 6 बार केस की सुनवाई टालने का आग्रह कर चुकी है। अब केस को बड़ी बेंच के पास भेजने की मांग कर रही है। संविधानिक पीठ के फैसले में गलती निकाली जा सकती है, इसका मतलब यह नहीं है कि मामले को फिर बड़ी बेंच के पास भेजा जाए। यह एक दुर्लभ मामला होगा। इससे पहले दिल्ली सरकार बनाम सेंट्रल गवर्नमेंट की लड़ाई पर सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट में केंद्र सरकार ने कहा कि अधिकारियों के तबादलों और पोस्टिंग पर उसका नियंत्रण होना चाहिए, क्योंकि दिल्ली देश की राजधानी है और पूरी दुनिया भारत को दिल्ली की नजर से ही देखती है। वहीं, दिल्ली सरकार ने केंद्र के रुख पर आपत्ति जताई। पिछली सुनवाई में सुप्रीम कोर्ट में केंद्र की तरफ से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने 239एए की व्याख्या करते हुए बालकृष्णन समिति की रिपोर्ट का भी जिक्र किया था और कहा था कि चूंकि दिल्ली राष्ट्रीय राजधानी है, इसलिए यह आवश्यक है कि केंद्र के पास लोक सेवकों की नियुक्तियों और तबादलों का अधिकार हो। दिल्ली, भारत का चेहरा है। सॉलिसिटर जनरल ने शीर्ष अदालत के समक्ष केंद्र सरकार का पक्ष रखते हुए तर्क दिया कि दिल्ली क्लास सी राज्य है। दुनिया के लिए दिल्ली को देखना यानी भारत को देखना है। बालकृष्णन समिति की रिपोर्ट की इस सिलसिले में बड़ी अहमियत है। चूंकि यह राष्ट्रीय राजधानी है, इसलिए यह आवश्यक है कि केंद्र के पास अपने प्रशासन पर विशेष अधिकार हों और महत्वपूर्ण मुद्दों पर नियंत्रण हो। गौरतलब है कि दिल्ली की आम आदमी पार्टी (आप) सरकार केंद्र पर राजधानी के प्रशासन को नियंत्रित करने और लोकतांत्रिक तरीके से चुनी हुई सरकार के फैसलों में उपराज्यपाल के जरिए व्यवधान उत्पन्न करने का आरोप लगाती रही है। दिल्ली सरकार और उपराज्यपाल के बीच 2015 से ही चली आ रही अधिकारों की जंग को लेकर 2019 में देश की सबसे बड़ी अदालत सुप्रीम कोर्ट में फैसला सुनाया था जिससे इस झगड़े का कोई निष्कर्ष नहीं निकला। सुप्रीम कोर्ट ने कई प्रमुख अधिकार एलजी को देते हुए इस मामले के निपटारे के लिए तीन जजों वाली सुप्रीम कोर्ट की बेंच को यह केस सौंप दिया। अप्रैल 2015 में दिल्ली को केजरीवाल सरकार मिली। शुरुआती दौर में दिल्ली सरकार एंटी करप्शन ब्रांच(एसीबी) के जरिए भ्रष्टाचार के खिलाफ तेजी से कार्रवाई कर रही थी। इसी बीच एक दिन एसीबी ने दिल्ली पुलिस के एक कांस्टेबल को रिश्वत लेने के मामले में गिरफ्तार कर लिया। इसे लेकर दिल्ली सरकार और दिल्ली पुलिस में खूब खींचतान हुई। यहां तक कि केंद्र सरकार भी दिल्ली पुलिस के उस जवान के बचाव में खड़ी हो गई। तब दिल्ली सरकार से मांग की गई कि उस जवान का केस एसीबी से लेकर दिल्ली पुलिस को दे दिया जाए, लेकिन सरकार नहीं मानी। फिर क्या था, उस वक्त जो खींचतान दिल्ली और केंद्र सरकार में शुरू हुई वो आज भी जारी है। इसके बाद मामला आया मई 2015 में दिल्ली के तत्कालीन मुख्य सचिव केके शर्मा के छुट्टी पर जाने का। शर्मा को छुट्टी पर जाना था और दिल्ली सरकार को उनकी जगह पर कार्यवाहक मुख्य सचिव नियुक्त करना था। सर्विसेज विभाग के मंत्री मनीष सिसोदिया ने आईएएस अधिकारी परिमल राय का नाम सुझाया लेकिन एलजी ने पावर सचिव शकुंतला गैमलिन को कार्यवाहक मुख्य सचिव नियुक्त कर दिया। इसके बाद तो दिल्ली सरकार ने उपराज्यपाल के खिलाफ पूरी तरह से मोर्चा खोल दिया। उस वक्त दिल्ली के एलजी नजीब जंग थे। सिर्फ यही नहीं उपमुख्यमंत्री सिसोदिया ने तो इसे चुनी हुई सरकार का तख्तापलट की साजिश तक करार दे दिया। इसके बाद चुनी हुई सरकार की मर्जी के बिना शकुंतला गैमलिन को मुख्य सचिव नियुक्त करने पर मुहर लगाने वाले तत्कालीन सर्विसेज के सचिव अनिंदो मजुमदार को दिल्ली सरकार ने पद से तो हटाया ही उनके दफ्तर के दरवाजे पर ताला तक जड़ दिया। केंद्र सरकार ने मई 2015 में एक नोटिफिकेशन जारी कर ये ऐलान किया था कि अब दिल्ली में सरकार का मतलब उपराज्यपाल हैं। इस नोटिफिकेशन में ये भी लिखा था कि सर्विसेज विभाग चुनी हुई सरकार के अधिकार में नहीं है बल्कि उपराज्यपाल के अधीन होगा। केंद्र के इसी नोटिफिकेशन में ये बात भी थी कि अब दिल्ली सरकार की एंटी करप्शन ब्रांच को उपराज्यपाल के हवाले कर दिया गया है और एसीबी को किसी भी केंद्र सरकार के तहत आने वाले अधिकारी या कर्मचारी पर कार्रवाई न करने का आदेश दिया। इस तरह से दिल्ली सरकार के हाथ से सभी बड़े अधिकार निकल गए और इसके विरोध में सरकार दिल्ली हाई कोर्ट चली गई और वहीं से दिल्ली सरकार बनाम उपराज्यपाल की कानूनी लड़ाई शुरू हो गयी जिसमें सुप्रीम कोर्ट ने दिसम्बर 2019 में काफी हद तक केजरीवाल के हक में फैसला सुनाया था। हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| अमेरिकी कंपनियों में रूस की एन्ट्री वैन Posted: 09 May 2022 07:47 AM PDT अमेरिकी कंपनियों में रूस की एन्ट्री वैनवॉशिंगटन। यूक्रेन पर हमले के चलते अमेरिका ने रूस पर नये प्रतिबंधों की घोषणा की है। प्रतिबंधों के तहत, पश्चिमी देशों को रूस के तीन सबसे बड़े टेलीविजन स्टेशन को विज्ञापन देने से रोकने के साथ ही अमेरिकी लेखा और परामर्श कंपनियों को किसी भी रूसी नागरिक को सेवाएं देने से रोक शामिल है। अमेरिका ने रूस के औद्योगिक क्षेत्रों पर प्रतिबंधों का दायरा बढ़ाते हुए मॉस्को से लकड़ी के उत्पाद, औद्योगिक इंजन, बॉयलर और बुलडोजर समेत कई वस्तुओं पर रोक लगा दी है। अमेरिका का कहना है कि सात प्रमुख औद्योगिक शक्तियों ने रूसी तेल के आयात को चरणबद्ध तरीके से समाप्त करने या प्रतिबंधित करने को लेकर प्रतिबद्धता जतायी है। इस बीच अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन की पत्नी जिल बाइडन अचानक पश्चिमी यूक्रेन पहुंचीं। यहां उन्होंने यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की की पत्नी ओलेना जेलेंस्की से मुलाकात की। जिल ने ओलेना से कहा, 'मैं मदर्स डे पर यहां आना चाहती थी। मुझे लगा कि यूक्रेन के लोगों को यह दिखाना चाहिए कि अमेरिका के लोग उनके साथ खड़े हैं। दोनों की मुलाकात यूक्रेन सीमा से लगे स्लोवाकिया के गांव में स्थित एक स्कूल में हुई। दोनों ने एक छोटी सी कक्षा में बैठकर एक दूसरे से बात की। जिल दो घंटे तक यूक्रेन में रहीं।' ओलेना ने इस साहसिक कदम के लिए जिल का आभार व्यक्त किया और कहा कि हम समझ सकते हैं कि युद्ध के दौरान अमेरिका की प्रथम महिला के यहां आने का क्या महत्व है। हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| सोलोमन द्वीप पर चीन को सैन्य अड्डे की इजाजत नहीं Posted: 09 May 2022 07:44 AM PDT सोलोमन द्वीप पर चीन को सैन्य अड्डे की इजाजत नहींहांगकांग। ऑस्ट्रेलिया और सोलोमन द्वीप के नेताओं के बीच बातचीत के बाद चीन के अरमानों पर पानी फिरता दिखाई दे रहा है। सोलोमन द्वीप ने ऐलान किया है कि वह अपनी जमीन पर किसी भी विदेशी सैन्य अड्डे को मंजूरी नहीं देगा। इस ऐलान को बीजिंग के लिए बड़ी कूटनीतिक हार के तौर पर देखा जा रहा है। दरअसल, कुछ दिनों पहले ही चीन ने बड़ी धूमधाम से सोलोमन द्वीप के साथ नए सुरक्षा समझौते का ऐलान किया था। चीन ने दावा किया था कि यह समझौता सोलोमन द्वीप में शांति और स्थिरता बनाने के उद्देश्य से एक पारस्परिक रूप से लाभकारी है। वहीं, ऑस्ट्रेलिया, अमेरिका, न्यूजीलैंडड और जापान ने इस समझौते को लेकर आपत्ति जताई थी। बीजिंग और होनियारा के बीच हुए खुफिया सिक्योरिटी समझौता के ऑनलाइन लीक हुए दस्तावेजों ने हिंद-प्रशांत में राजनीतिक प्रतिद्वंद्विता को हवा दे दी है। होनियारा द्वारा की गई पुष्टि के अनुसार, इस समझौते के अंतर्गत वे चीन को वहाँ के सामाजिक व्यवस्था के रख-रखाव के लिए जरूरी सैन्य और विधि प्रवर्तन अधिकारियों को प्रवेश की अनुमति देगा। इसने इस क्षेत्र में खतरे की घंटी बजा कर तापमान में तल्खी पैदा कर दी है और इस क्षेत्र में चीन के बढ़ते वर्चस्व संबंधी आशंकाएं प्रबल हो गई है। इस क्षेत्र में होने वाली आर्थिक गतिविधियों के कारण इंडो-पैसिफिक को वैश्विक स्तर पर 'गुरुत्वाकर्षण का केंद्र' के रूप में जाना गया है, जिसमें भौगौलिक तौर पर वैश्विक अर्थव्यवस्था को कई अन्य कारणों से प्रेरित अथवा बाधित करने की क्षमता है, जिसमें सबसे महत्वपूर्ण है इस क्षेत्र के इर्द-गिर्द चीन के बढ़ते और विस्तृत होते प्रभुत्व के भू-राजनैतिक महत्ता की। हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| पाक के सांसद से उसकी बीवी ने मांगा तलाक Posted: 09 May 2022 07:41 AM PDT पाक के सांसद से उसकी बीवी ने मांगा तलाक
इस्लामाबाद। पाकिस्तान की पीटीआई पार्टी के सांसद और मशहूर टीवी होस्ट आमिर लियाकत की तीसरी पत्नी सैयदा दानिया शाह ने उनसे तलाक मांगा है। उन्होंने खुला (तलाक का महिला का अधिकार) के लिए अर्जी दायर की है, जिसमें कहा है कि आमिर जैसे टीवी पर दिखते थे, वैसे बिल्कुल भी नहीं और शैतान से भी बदतर हैं। पति के साथ अपने संबंधों के बारे में बताते हुए दानिया ने अर्जी में कहा कि आमिर के साथ उनकी शादी के चार महीने बीते हैं। इन चार महीनों में पीड़ा के अलावा और कुछ नहीं मिला है। दानिया ने आरोप लगाया है कि पीटीआई सांसद उन्हें एक छोटे से कमरे में रखते थे। इसके अलावा उन्होंने कहा कि वह नशे में मुझे पीटता था। उन्होंने कहा कि आमिर मुझे और मेरे परिवार को गंभीर परिणाम भुगतने की धमकी भी दे रहा है। तलाक के अलावा दानिया ने फैमिली कोर्ट में और भी मामले दर्ज कराए हैं। अपनी याचिका में उन्होंने अदालत से अनुरोध किया है कि वह पति को 115 मिलियन पाकिस्तानी रुपये से अधिक का हक मेहर, घर और आभूषण का भुगतान करने का आदेश दे। दानिया की अर्जी पर अदालत में मामले की सुनवाई 7 जून को होगी। इसी साल फरवरी में 49 साल के आमिर और 18 साल की सैयदा की शादी काफी सुर्खियों में रही थी। हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| Posted: 09 May 2022 07:39 AM PDT रूस ने मनाया 77वां विजय दिवस
मॉस्को। यूक्रेन में चल रही जोरदार लड़ाई के बीच रूस आज अपना 77वां विजय दिवस मना रहा है। दूसरे विश्वयुद्ध के दौरान हिटलर की सेना के खिलाफ मिली जीत की याद में रूस विजय दिवस मनाता है। अपने भाषण के दौरान पुतिन ने कहा कि नाटो हमारी सीमा पर रूस के लिए खतरा पैदा करना चाहता था। यही नहीं यूक्रेन ने परमाणु हथियारों पर चर्चा शुरू कर दी थी। पुतिन ने प्रण किया है कि रूस हिटलर की तरह से यूक्रेन को भी जंग में पराजित कर देगा। माना जा रहा है कि पुतिन इस विशाल परेड के जरिए रूस के महाविनाशक हथियारों का प्रदर्शन कर दुनिया को अपनी ताकत का अहसास करा रहे हैं। रूस वैसे तो हर साल विक्ट्री डे परेड आयोजित करता है लेकिन इस साल यूक्रेन की जंग को देखते हुए यह बेहद खास मानी जा रही है। पुतिन ने कहा कि हमारी ड्यूटी है कि हर वह चीज करें जिससे दुनिया में युद्ध फिर दोबारा न हो। पुतिन ने यूक्रेन की जंग की तुलना सोवियत संघ के द्वितीय विश्वयुद्ध से की। रूसी राष्ट्रपति ने कहा, 'रूसी सेना यूक्रेन में अपनी मातृभूमि की रक्षा कर रही है।' उन्होंने कहा कि रूस यूक्रेन में पूरी तरह से अस्वीकार्य खतरे का सामना कर रहा है। पुतिन ने यूक्रेन की जंग से पस्त हो चुकी रूसी जनता के अंदर देशभक्ति की भावना भरने की कोशिश की। हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| जीकेसी कर्नाटक और बेंगालुरु ने मनाया चित्रगुप्त जयंती Posted: 09 May 2022 07:29 AM PDT जीकेसी कर्नाटक और बेंगालुरु ने मनाया चित्रगुप्त जयंतीजितेन्द्र कुमार सिन्हा, भगवान चित्रगुप्त प्रकटोत्सव के अवसर पर जीकेसी कर्नाटक और बेंगालुरु के कायस्थों ने बेंगालुरु के कोरमंगला क्लब में आराध्य भगवान श्री चित्रगुप्त की पूजाउत्सव मनाया। इसी दिन जीकेसी कर्नाटक ने महान स्वतंत्रता सेनानियों में से एक और एक गतिशील कवि साहित्य और ज्ञानपीठ पुरस्कार विजेता श्री रघुपति सहायजी, जिन्हें फिराक गोरखपुरी के नाम से भी जाना जाता है, को सम्मानित करने और याद करने के लिए व्यख्यानमाला का भी आयोजन किया। व्यख्यानमाला कार्यक्रम का उद्घाटन जीकेसी ग्लोबल अध्यक्ष राजीव रंजन प्रसाद ने पटना से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से किया। कार्यक्रम को ग्लोबल वरिष्ठ उपाध्यक्ष अखिलेश श्रीवास्तव, ग्लोबल महासचिव अनुराग सक्सेना ने भी संबोधित किया। कर्नाटक प्रदेश अध्यक्ष डॉ कुमार मानवेंद्र ने अपने संबोधन में कहा कि हमें अपनी महान विभूति फिराक गोरखपुरी जी के लिए व्यख्यानमाला का आयोजन करने पर गर्व है। उन्होंने सभी कायस्थों को आगे आने और समाज की बेहतरी के लिए जीकेसी में शामिल होने के लिए कहा। कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष नितेश शरण ने की। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि जीकेसी कर्नाटक को महान कवि और स्वतंत्रता सेनानी रघुपति सहाय जी के लिए कार्यक्रम आयोजित करने का मौका देने के लिए राष्ट्रीय टीम को धन्यवाद दिया। उन्होंने जीकेसी नेशन टीम से मांग किया है कि भारत सरकार ज्ञानपीठ और साहित्य पुरस्कार विजेता फिराक गोरखपुरी की तस्वीर संसद भवन में लगाई जाय। कर्नाटक के महासचिव उत्कर्ष आनंद ने अपने संबोधन में सभी सदस्यों को चित्रगुप्त जयंती की शुभकामनाएं दीं और रघुपति सहाय जी के संबंध में विस्तृत जानकारी दी। उक्त अवसर पर मधुर स्मिता, सुलक्षणा सक्सेना, अपूर्वा, डॉ टी बी के सिन्हा, शैलेंद्र कुमार, आनंद श्रीवास्तव, संजय रवि, माधुरी सिन्हा, नव किशले के अतिरिक्त जीकेसी के कई सदस्य उपस्थित थे। फिराक गोरखपुरी जी के संबंध में उनके साहित्य और कविताओं और स्वराज आंदोलन में योगदान के बारे में अच्छी तरह से समझाया गया। कवियत्री माधुरी सिन्हा ने भारतीय साहित्य में फिराक के योगदान के बारे में बताया। शैलेंद्र कुमार ने उनकी लोकप्रिय कविताओं को समझाया और यह किस संदर्भ में लिखी गई थी और यह वर्तमान समाज से कैसे मेल खाती है। आनंद श्रीवास्तव ने फिराक के बारे में बहुत अच्छी तरह से समझाया है और फिराक गोरखपुरी की कुछ नज़्म भी गाया। हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| हिन्दुओ, जीवित रहना हो, तो लडना सीखें, आत्मरक्षा करना सीखें !- टी. राजासिंह, भाजपा विधायक, तेलंगाना Posted: 09 May 2022 07:03 AM PDT 'नागराजू की हत्या : सेक्युलर गैंग मौन क्यों?' इस विषय पर विशेष संवाद ! हिन्दुओ, जीवित रहना हो, तो लडना सीखें, आत्मरक्षा करना सीखें !- टी. राजासिंह, भाजपा विधायक, तेलंगानाभारत 'सेक्युलर' राष्ट्र होने के कारण ही भाग्यनगर (हैदराबाद) के हिन्दू युवक नागराजू की दिनदहाडे हत्या हुई । जब तक भारत अखंड 'हिन्दू राष्ट्र' नहीं बनता, तब तक हिन्दू इसी प्रकार मारे जाएंगे । नागराजू की हत्या करनेवाले मुसलमान होने के कारण उन पर कोई कार्यवाही नहीं होगी, अपितु तेलंगाना सरकार और एम.आई.एम. दल उन्हें बचाने का प्रयत्न करेंगे । जिस समय नागराजू को मारा जा रहा था, तब वहां उपस्थित 90 प्रतिशत हिन्दू शांत थे । हिन्दू लडना नहीं चाहते, अपितु मरने के लिए तैयार हैं । हिन्दू आज 'सेक्युलर' बन गए हैं तथा वे 'हिन्दू -मुसलमान भाईभाई' की विचारधारा रखकर जी रहे हैं । ऐसे 'सेक्युलर' हिन्दू ध्यान रखें कि, कल ये धर्मांध आपकी बहन, पुत्री और माता को घर से उठाकर ले जाएंगे । इसलिए हिन्दुओ, जीवित रहना हो, तो लडना सीखें, आत्मरक्षा करना सीखें । अन्यथा आनेवाले समय में आपको मस्तक पर तिलक लगाने के लिए विचार करना पडेगा, ऐसा स्पष्ट प्रतिपादन तेलंगाना स्थित गोशामहल के भाजपा के विधायक श्री. टी. राजासिंह ने किया है । हिन्दू जनजागृति समिति द्वारा 'नागराजू की हत्या : सेक्युलर गैंग मौन क्यों ?' इस विषय पर आयोजित ऑनलाइन 'विशेष संवाद' में वे बोल रहे थे । इस अवसर पर 'द लीगल हिन्दू' के राष्ट्रीय सहसंस्थापक श्री. समीर चाकू ने कहा कि, जिस नागराजू की निघृण हत्या हुई है, वह हिन्दू होने के कारण कांग्रेस के राहुल गांधी, 'आप' के अरविंद केजरीवाल, वामपंथी, सेक्युलर दल वहां मिलने नहीं जाएंगे; क्योंकि वे धर्म-जाति आधारित राजनीति करते हैं । प्रसारमाध्यम भी उसका विशेष प्रसार नहीं करेंगे । इसलिए हिंदुओं को स्वरक्षा के लिए लडना सीखना चाहिए । इस समय बजरंग दल के मुंबई के भूतपूर्व संयोजक श्री. उमेश गायकवाड ने कहा कि, केवल नागराजू की ही नहीं, इससे पूर्व देशभर में अनेक हिन्दुआें की हत्या हुई है, इनके पीछे बडा षड्यंत्र है । अब तो आतंकवादी, खालिस्तानी और नक्सलवादी एकत्रित आ गए हैं । मुंबई में एक पूछताछ में सामने आया है कि, वर्ष 2024 में देश में बडा दंगा करवाने का षड्यंत्र चल रहा है । एक बडा संघर्ष होनेवाला है । इसलिए हिंदुओं को व्यवस्था के साथ रहकर लडना चाहिए । इस समय हिन्दू जनजागृति समिति के प्रवक्ता श्री. नरेंद्र सुर्वे ने कहा कि, भारत में हिन्दुओं की हत्या कर हिंदुओं को ही बदनाम करने का जागतिक षड्यंत्र चल रहा है । हिन्दुओं की हत्या करनेवाले मुसलमानों को छुडवाने के लिए 'जमियत-ए-उलेमा' संगठन आर्थिक सहायता कर रहा है । केरल और कर्नाटक राज्यों में 'पॉप्युलर फ्रंट ऑफ इंडिया' ने अनेक हिन्दुओं की हत्या की है । इसलिए इस संगठन पर केंद्र को प्रतिबंध लगाना चाहिए । हिंदुओं को अब स्वरक्षा के लिए जागृत होना चाहिए । निद्राधीन हिन्दुओं को विविध प्रकार के जिहाद की जानकारी तथा स्वधर्म की शिक्षा देकर जागृत करना चाहिए । हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| लिवर ट्रांसप्लांट के नई तकनीक पर आयोजित हुआ सेमिनार Posted: 09 May 2022 06:59 AM PDT लिवर ट्रांसप्लांट के नई तकनीक पर आयोजित हुआ सेमिनारजितेन्द्र कुमार सिन्हा पटना के गार्गी ग्रैंड होटल में लिवर प्रत्यारोपण के नई तकनीक पर सेमिनार का आयोजन किया गया। इस सेमिनार आयोजन केयर हॉस्पिटल, हैदराबाद और वेल्स हॉस्पिटल, पटना द्वारा किया गया। वेल्स हॉस्पिटल के आर्थो सर्जन डा. समशुल होदा ने हैदराबाद के केयर हॉस्पिटल के लिवर ट्रांसप्लांट सर्जन डा. मोहम्मद अब्दुन नईम को वेल्स हॉस्पिटल में विजिटिंग कंसल्टेंट भी रखा है ताकि पटना और पटना के आस- पास के लोगो के लिवर की बीमारियों और लिवर ट्रांसप्लांट के बारे में जागरूक किया जा सके। डा. नईम ने वर्ष 2000 से वयस्कों एवं बच्चो का सफल लिवर ट्रांसप्लांट भी किया है। डा. नईम ने लिवर ट्रांसप्लांट प्रक्रिया क्या है और लिवर दाता कौन हो सकता है के संबंध में विस्तृत रूप से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि लिवर दाता वही लोग हो सकते है जिनका ब्लड ग्रुप एक हो, उम्र भी करीब करीब एक हो, कोई बीमारी भी नहीं हो। डा. नईम ने बताया कि अगर बच्चों का लिवर ट्रांसप्लांट करना हो और उनके परिवार वाले आर्थिक रूप से कमजोर हो, तो ऐसी स्थिति में डा. नईम केयर हॉस्पिटल द्वारा क्राउड फंडिंग की मदद से बच्चों का मुफ्त में लिवर प्रत्यारोपण करने के लिए भी तैयार है। लिवर ट्रांसप्लांट के नई तकनीक सेमिनार में मुख्य अतिथि में डा. अब्दुल हई, डेंटल सर्जन डा. मोहित कुमार, वेल्स हॉस्पिटल के आर्थो सर्जन डा. शमसुल होदा, रेडियोलॉजिस्ट डा. अजय, डेंटल सर्जन डा. शिवाली सिंह, पैथोलॉजिस्ट डा. फौजिया होदा और कई डॉक्टर भी शामिल थे। हैदराबाद केयर हॉस्पिटल के लिवर ट्रांसप्लांट सर्जन डा. मोहम्मद अब्दुन नईम ने सेमिनार में उपस्थित लोगों को बताया कि लीवर ट्रांसप्लांटेशन, क्रोनिक एंड-स्टेज लीवर डिजीज और एक्यूट लीवर फेलियर के रोगियों के लिए एक जीवन रक्षक प्रक्रिया है और पटना के लोगो को लिवर ट्रांसप्लांट के बारे में बताने और जागरूक करने के लिए पटना के कंकड़बाग स्थित वेल्स हॉस्पिटल में ओपीडी सेवाभी शुरू किया है। डा. मोहम्मद अब्दुन नईम ने कहा कि लीवर प्रत्यारोपण के सभी पहलुओं में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है, जिसमें प्राप्तकर्ता चयन, दाता प्रबंधन, ऑपरेशन तकनीक, इम्यूनोसप्रेशन और लीवर प्राप्तकर्ताओं के पोस्टऑपरेटिव प्रबंधन शामिल हैं। डा. शमसूल होदा ने सेमिनार को संबोधित करते हुए कहा कि वेल्स हॉस्पिटल का लक्ष्य है कि लोगो को लिवर की बीमारी और बीमारी के लक्षण बताना है और लोगो को जागरूक करना है। हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| Posted: 09 May 2022 06:55 AM PDT
|
| Posted: 09 May 2022 06:46 AM PDT 'जनता के दरबार में मुख्यमंत्री' कार्यक्रम में शामिल हुए मुख्यमंत्री, 133 लोगों की सुनी समस्यायें, अधिकारियों को दिए आवश्यक दिशा-निर्देशपटना, 09 मई 2022:- मुख्यमंत्री श्री नीतीश कुमार आज 4, देशरत्न मार्ग स्थित मुख्यमंत्री सचिवालय परिसर में आयोजित 'जनता के दरबार में मुख्यमंत्री' कार्यक्रम में शामिल हुए। 'जनता के दरबार में मुख्यमंत्री' कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने राज्य के विभिन्न जिलों से पहुंचे 133 लोगों की समस्याओं को सुना और संबंधित विभागों के अधिकारियों को समाधान के लिए समुचित कार्रवाई के निर्देश दिए। आज 'जनता के दरबार में मुख्यमंत्री' कार्यक्रम में सामान्य प्रशासन विभाग, स्वास्थ्य विभाग, शिक्षा विभाग, समाज कल्याण विभाग, पिछड़ा एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग, वित्त विभाग, संसदीय कार्य विभाग, अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण विभाग, अल्पसंख्यक कल्याण विभाग, विज्ञान एवं प्रावैधिकी विभाग, सूचना प्रावैधिकी विभाग, कला, संस्कृति एवं युवा विभाग, श्रम संसाधन विभाग तथा आपदा प्रबंधन विभाग से संबंधित मामलों पर सुनवाई हुयी। वैशाली से आई एक महिला ने मुख्यमंत्री से शिकायत करते हुए कहा कि उनके पति की मौत कोरोना से हो गई थी लेकिन अब तक मुआवजे की राशि नहीं मिली है। वहीं अररिया से आये एक फरियादी ने मुख्यमंत्री से कहा कि हमारे भाई की वर्ष 2021 में कोरोना से मौत हो गई है। मुआवजे की राशि के लिए लगातार दौड़ लगा रहे हैं लेकिन अब तक सहायता राशि नहीं मिल सकी है। मुख्यमंत्री ने मामले की जांच कर उचित कार्रवाई करने का निर्देश दिया। पटना से आयी छात्रा ने मुख्यमंत्री से शिकायत करते हुए कहा कि मैट्रिक और इंटर पास करने पर राज्य सरकार की ओर से जो स्कॉलरशिप दी जाती है, वो अभी तक नहीं मिल पायी है। वहीं समस्तीपुर से आये एक छात्र ने मुख्यमंत्री से गुहार लगाते हुए कहा कि उसका एडमिशन राजकीय आई0टी0आई0 संस्थान में हुआ था। आई0टी0आई0 संस्थान में षिक्षक नहीं रहने के कारण पढ़ाई नहीं हो पा रही है। मुख्यमंत्री ने संबंधित विभाग को जांचकर उचित कार्रवाई करने का निर्देश दिया। जगदीशपुर, आरा से आए एक फरियादी ने गुहार लगाते हुए कहा कि आपके द्वारा वर्ष 2007 में दो छात्रावास का निर्माण करवाया गया था लेकिन पिछड़ा और अतिपिछड़ा वर्ग के बच्चों को इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है। जब से छात्रावास बना है उसमें एक भी छात्र नहीं रहते हैं। इसकी सही देख-रेख होने से शाहाबाद प्रक्षेत्र के चार जिलों के छात्र लाभान्वित होंगे। मुख्यमंत्री ने मामले की जांचकर उचित कार्रवाई करने का निर्देश दिया। उजियारपुर, समस्तीपुर से आये एक सरकारी कर्मचारी ने मुख्यमंत्री से फरियाद करते हुए कहा कि उसे विपश्यना केंद्र में 15 दिनों के मेडिटेशन कोर्स के लिए विभाग द्वारा अवकाश नहीं दिया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने इस पर कहा कि इसके लिए तो सरकार ने आदेश जारी कर दिया था। मुख्यमंत्री ने संबंधित विभाग को इस मामले में उचित कार्रवाई का निर्देश दिया। पूर्वी चंपारण से आयी एक महिला ने मुख्यमंत्री से शिकायत करते हुए कहा कि वर्ष 2018 की आंगनबाड़ी चयन को लंबित रखा गया है। वहीं समस्तीपुर से आयी एक महिला ने आंगनबाड़ी में सहायिका की बहाली में अनियमितता की शिकायत की। आंगनबाड़ी बहाली में हो रही गड़बड़ी और लगातार मिल रही शिकायतों पर मुख्यमंत्री ने संबद्ध विभाग के अधिकारियों से कहा कि बहाली को लेकर विस्तृत समीक्षा करें। इतनी बड़ी संख्या में शिकायतें आ रही हैं, इसको व्यापक स्तर पर देखें और जांचकर उचित कदम उठाएँ। आरा से आए एक छात्र ने गुहार लगाते हुए कहा कि वर्ष 2019 में स्नातक पास करने के उपरांत प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा हूं। एक साल से यूनिवर्सिटी द्वारा मेरी डिग्री निर्गत नहीं किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभाग को उचित कार्रवाई करने का निर्देश दिया। वहीं हुलासगंज, जहानाबाद की एक महिला ने अब तक पारिवारिक पेंशन नहीं मिलने की शिकायत की। मुख्यमंत्री ने मामले में जांचकर उचित कार्रवाई करने का निर्देश दिया। 'जनता के दरबार में मुख्यमंत्री' कार्यक्रम में शिक्षा मंत्री सह संसदीय कार्य मंत्री श्री विजय कुमार चैधरी, स्वास्थ्य मंत्री श्री मंगल पाण्डे, अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण मंत्री श्री संतोष कुमार सुमन, अल्पसंख्यक कल्याण मंत्री श्री जमा खान, सूचना प्रावैधिकी सह श्रम संसाधन मंत्री जिवेश कुमार, कला संस्कृति एवं युवा मामलों के मंत्री श्री आलोक रंजन, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव श्री दीपक कुमार, मुख्य सचिव श्री आमिर सुबहानी, पुलिस महानिदेशक श्री एस0के0 सिंघल, संबंधित विभागों के अपर मुख्य सचिव/प्रधान सचिव/सचिव, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव डॉ0 एस0 सिद्धार्थ, मुख्यमंत्री के सचिव श्री अनुपम कुमार, मुख्यमंत्री के विशेष कार्य पदाधिकारी श्री गोपाल सिंह, जिलाधिकारी श्री चंद्रशेखर सिंह तथा वरीय पुलिस अधीक्षक श्री मानवजीत सिंह ढिल्लो उपस्थित थे। 'जनता के दरबार में मुख्यमंत्री' कार्यक्रम की समाप्ति के पश्चात् मुख्यमंत्री ने पत्रकारों से बातचीत की। पत्रकारों द्वारा सी0ए0ए0 से संबंधित प्रश्न के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि अभी कोरोना है, कोरोना का दौर खत्म होगा, उसके बाद इस पर कोई बात होगी। तीन देशों के अल्पसंख्यक जो लोग यहां पर रह रहे हैं उनके लिए कानून बनाने की बात हो रही है। यह तो केंद्र सरकार को ही देखना है। राज्य सरकार की ओर से बहुत पहले केंद्र सरकार को लिखकर भेज दिया गया है। पत्रकारों के दूसरे प्रश्न बी0पी0एस0सी0 के प्रश्न पत्र लीक मामले पर कहा कि इस पर कार्रवाई हो रही है। जब इसके संबंध में जानकारी मिली तो इस पर तुरंत एक्शन लिया गया। बी0पी0एस0सी0 की पी0टी0 परीक्षा कैंसिल की गयी। प्रश्न पत्र कहां से लीक हुआ, किस तरह से लीक हुआ ? इन सब की जांच हो रही है। कल शाम में ही हमने इसकी जानकारी ली है। तुरंत एक्शन लिया गया है। पुलिस भी इसकी जांच कर रही है। हमने तो कहा है कि जितनी जल्दी हो सके जांच कीजिए कि कौन प्रश्न पत्र लीक किया है, कैसे लीक किया है ? जिसने भी गड़बड़ी की है उसके खिलाफ एक्शन होगा। पत्रकारों के साइबर क्राइम के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि गड़बड़ी करनेवालों के खिलाफ यहां पर काफी सक्रियता है। कोई गड़बड़ करना चाहेगा तो उसे छोड़ा नहीं जाएगा। सब चीज के लिए पहले से गाइडलाइन है। बिहार में बहुत हद तक चीजें नियंत्रित हैं, शांति का माहौल है। अगर कहीं क्राइम होता है तो तेजी से उसके खिलाफ एक्शन होता है। केंद्रीय मंत्री श्री धर्मेंद्र प्रधान से मुलाकात के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि उनसे हमारा पुराना संबंध है। वे यहां पर अपनी पार्टी के प्रभारी भी रहे हैं। यहाॅ आने पर हमारी उनसे मुलाकात हुई। शिक्षा के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों के संबंध में बातचीत हुई। हमारे शिक्षा मंत्री जी ने भी उन्हें इसके संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी दी। यह निजी मुलाकात थी। इसका कोई अर्थ निकालने की जरूरत नहीं है। व्यक्तिगत रूप से हमलोगों की आपस में बातचीत होते ही रहती है। पत्रकारों के अन्य प्रश्न के जवाब में मुख्यमंत्री ने कहा कि हमलोग किसी जाति को अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति में मान्यता देने के लिए अपने यहां से प्रस्ताव भेजते हैं जिस पर केंद्र सरकार के स्तर से निर्णय लिया जाता है। जातीय जनगणना को लेकर यहां के सभी दलों के लोग प्रधानमंत्री जी से जाकर मिले थे। केंद्र सरकार इसे नहीं करेगी लेकिन कहा है कि राज्य सरकार अपने यहां कर सकती है। यहाॅ सभी दल के लोग आपस में बातचीत कर लेंगे। कुछ राज्य इसे अपने-अपने ढंग से कर रहा है लेकिन बिहार में जब होगा तो पूरे तौर पर होगा। उसके लिए सब पार्टी की मीटिंग होगी, आपस में चर्चा होगी। सरकार में इन सब चीजों को लेकर पहले से कॉन्सेसनेस है। सबलोगों की राय लेंगे तभी आगे काम करेंगे। इस पर मीटिंग करेंगे तो और लोगों का आइडिया भी पता चलेगा। बीच में चुनाव आ गया फिर बातचीत नहीं हुई। बीच में कोरोना बढ़ गया फिर इधर कोरोना का खतरा है। बढ़ती महंगाई को देखते हुए जनता को और राहत देने के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि जितना राहत देना संभव है वह सब किया जायेगा। पिछली बार जब केंद्र सरकार ने वैट की दरों में कमी की तो उस समय ही बिहार में भी वैट की दरों में कमी की गई। आगे भी अगर केंद्र सरकार टैक्स कम करने का फैसला लेती है तो राज्य सरकार भी उसे करेगी। अभी पेट्रोल-डीजल की कीमतें काफी बढ़ गई है लेकिन कई हफ्तों से कीमतें स्थिर है। पेट्रोल-डीजल की कीमतों में इजाफा होने के कई कारण हैं। भारत में पेट्रोल-डीजल बाहर से आता है। जब बाहर से महंगा पेट्रोल-डीजल आयेगा तो उसका असर तो यहां भी पड़ेगा। इन सब चीजों पर राज्य सरकार की नजर है। आगे जैसी भी परिस्थिति होगी, उस पर विचार करने के बाद फैसला लिया जायेगा। आने वाले समय में आपदा की स्थिति को लेकर भी राज्य सरकार अभी से सतर्क है। चार महीने हमलोगों का ध्यान उसी पर केंद्रित रहता है। इसको लेकर भी कुछ दिनों के बाद आपदा प्रबंधन की तैयारी को लेकर बैठक की जायेगी। आपदा की स्थिति में लोगों की राहत के लिए राज्य सरकार काम करती रहती है। हमलोग बिहार में लगातार विकास का कार्य कर रहे हैं। सात निश्चय-2 के अंतर्गत कराये जा रहे कार्यों को लेकर संबद्ध विभाग को सक्रिय किया गया है। एक-एक चीजों पर सरकार की नजर है। विभिन्न विभागों की समीक्षा बैठक भी होती रहती है। मेंटेनेंस पर राज्य सरकार का विशेष जोर है। किसी चीज को अगर बनायेंगे तो उसका मेंटेनेंस भी करेंगे। हमने हर घर नल का जल पहुंचा दिया है तो उसका मेंटेनेंस भी बहुत जरुरी है। एक-एक चीजों पर ध्यान दिया जा रहा है ताकि किसी को शिकायत का मौका नहीं मिले। इसको लेकर मुख्यालय और जिला के स्तरों पर मीटिंग की जा रही है। अगर आपने किसी चीज को बना दिया लेकिन उसको मेंटेनेंस नहीं किया तो वह खत्म हो जायेगा। मेंटेनेंस होने से उसका फायदा लोगों को मिलता रहेगा। इसके अलावे हर खेत तक सिंचाई के लिए पानी पहुंचाने का हमलोगों ने लक्ष्य निर्धारित किया है। इसको लेकर आकलन किया जा चुका है। बिहार में और सड़कों एवं पुलों के निर्माण का कार्य भी चल रहा है। केंद्र एवं राज्य सरकार की ओर से कई परियोजनाओं पर कार्य चल रहा है। इसको लेकर बीच-बीच में हमलोग निर्माण स्थल पर जाकर कराये जा रहे कार्यों का निरीक्षण करते हैं। महंगाई की समस्या पूरे देश की समस्या है। बिहार में फिल्म पॉलिसी को लेकर पत्रकारों के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि फिल्म निर्माण के लिए राजगीर में जगह निर्धारित की गयी है। हमने फिल्म बनाने वालों को सलाह दी है कि राजगीर में जाकर देख लीजिए, यहीं पर फिल्म बनाइये। बिहार में कई जगहों पर फिल्मों की शूटिंग हो सकती है। हमलोग शुरु से चाहते थे कि बिहार में फिल्मों की शूटिंग हो। इसको लेकर हमलोग सब सुविधा देने को तैयार हैं। लोग अगर बिहार में फिल्म बनायेंगे तो राज्य सरकार की ओर से जो भी सुविधा जरुरी होगी, उसे दी जायेगी। मुख्यमंत्री ने मुख्य सचिव को निर्देष दिया कि इसके संबंध में संबद्ध विभागों के साथ समीक्षा करें। बिहार को लेकर नीति आयोग की रिपोर्ट के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि जब नीति आयोग की रिपोर्ट सामने आयी थी तो उसका जवाब हमलोगों ने भेज दिया था। बिहार का काफी तेजी से विकास हो रहा है। हमलोगों के इतना काम काम करने के बावजूद भी अगर आप पूरे देश को ओवरऑल देखियेगा तो बिहार पीछे है ही, इसमें कोई शक नहीं है। बिहार के क्षेत्रफल कम है लेकिन आबादी काफी ज्यादा है। प्रजनन दर को घटाने के लिए हमलोग महिलाओं को पढ़ाने में लगे हैं। बिहार में काफी ग्रोथ हुआ है। आजकल बाहर से आने वाला व्यक्ति बिहार आकर देखता है कि बिहार में कितना एलिवेटेड रोड, ब्रीज एवं सड़कें बनी हुई है। इन सब चीजों को देखकर सभी लोग इसकी प्रशंसा करते हैं। इसको लेकर हमलोग काफी समय से यह मांग कर रहे हैं कि बिहार को विशेष राज्य का दर्जा मिलना चाहिए। विशेष राज्य का दर्जा मिलने से बिहार का और तेजी से विकास होगा। यह हमलोगों की पुरानी मांग है। बिहार के सभी विभाग विकास कार्यों को लेकर काफी मेहनत कर रहे हैं। बिहार में पहले शिक्षा और स्वास्थ्य की स्थिति काफी खराब थी। आज इन क्षेत्रों में कितना बड़ा परिवर्तन हुआ है? बच्चे-बच्चियों के पढ़ने के लिए बिहार में कई इंस्टीट्यूशन खोला गया। कोरोना को लेकर भी बिहार काफी कंशस है। बिहार में काफी तादाद में कोरोना की जांच की जाती है ताकि अगर कोई संक्रमित है तो उसका पता चल सके। टीकाकरण का कार्य भी काफी तेजी से चल रहा है। बिहार देश का पहला राज्य है जिसने सबसे पहले फैसला लिया कि सभी लोगों का मुफ्त में टीकाकरण कराया जायेगा इसके बाद दो और राज्यों ने भी इसको लेकर ऐलान किया है। कई लोग बयानबाजी करते रहते हैं। बयानबाजी पर हमलोग रोक नहीं लगा सकते हैं। हमलोग काम करते रहते हैं। विशेष राज्य के दर्जे की मांग के सवाल पर मुख्यमंत्री ने कहा कि इसको लेकर हमलोगों ने कई बार आंदोलन किया है। हमलोगों ने पटना एवं दिल्ली में भी आंदोलन किया है। नीति आयोग की रिपोर्ट सामने आने के बाद भी हमलोगों ने कहा कि बिहार को विशेष राज्य का दर्जा मिलनी चाहिए, इस पर ध्यान दीजिए। विकास कार्यों में केंद्र सरकार भी सहयोग कर रही है और राज्य सरकार भी अपनी तरफ से विकास कार्य करा रही है। सब लोग मिलकर सभी क्षेत्रों में विकास के कार्य में लगे हुए हैं। बिहार का क्षेत्रफल कम है लेकिन आबादी ज्यादा है। बयानबाजी चलते रहता है, उसमें हमलोग क्या कर सकते हैं। हमलोग सेवक हैं, लोगों की सेवा करते रहते हैं। हमलोग कितना भी काम करेंगे तब भी कुछ लोग बोलते रहेंगे। बोलने का सबको अधिकार है। हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| सत्ता की खामोशी हमको, उत्तेजित कर जाती है Posted: 09 May 2022 06:44 AM PDT
|
| संज्ञा समिति गयाधाम (बिहार )के द्वारा व्रत पर्व जयंती निर्णय पत्रिका का लोकार्पण Posted: 09 May 2022 06:42 AM PDT संज्ञा समिति गयाधाम (बिहार )के द्वारा व्रत पर्व जयंती निर्णय पत्रिका का लोकार्पणसंज्ञा समिति गयाधाम (बिहार )का केन्द्रीय समिति द्वारा सिद्धि विनायक विवाह भवन , स्वराजपुरी रोड, गया में दिनाक:- 08.05.2022, दिन- रविवार को राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री जग नारायण पाठक जी की अध्यक्षता में व्रत पर्व जयंती निर्णय पत्रिका का लोकार्पण सभा आयोजित हुई। जिसका, संचालन श्री धनंजय जयपुरी जी ने किया । इस कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जाने माने अधिवक्ता श्री बृज किशोर मिश्र जी रहे। इस अवसर पर सैंकड़ों मग बंधुओं की उपस्थिति में अनेक गणमान्य वक्ताओ द्वारा संगठन की विस्तार और मगसमाज के विकास पर संभाषण हुआ। प्रमुख वक्ताओ में समिति के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष सर्वश्री लालभूषण मिश्र, पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री सिद्ध नाथ मिश्र, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष - डॉ0 रविशंकर मिश्र राकेश , राष्ट्रीय सचिव पंकज नारायण मिश्र, संयुक्त सचिव श्री रंजीत पाठक, संगठन सचिव श्री मुकेश मिश्र, श्री विनोद कुमार पांडे ,श्री हरी पाठक, इंजीनियर वीरेंद्र पाठक, औरंगाबाद जिला सचिव श्री गुप्तेश्वर पाठक, टिकारी प्रखंड अध्यक्ष श्री गोविंद पाठक जी, वरीय संवाददाता एटीएस न्यूज़ के श्री मदन मोहन मिस्र, वरीय संवाददाता टिकारी श्री जितेंद्र मिश्र सैकड़ों मग बंधुओं की उपस्थिति में पुस्तक का लोकार्पण के साथ साथ हुआ। और राष्ट्रीय सचिव पंकज नारायण मिश्र के धन्यवाद ज्ञापन तथा राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री जगनारायण पाठक जी की अध्यक्षीय भाषण के साथ कार्यक्रम समाप्ति की घोषणा हुई । हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| Posted: 09 May 2022 08:06 AM PDT ![]() दूर देश मत जा।( आचार्य राधामोहन मिश्र माधव ) दूर देश मत जा। धरती हुई है ऋतुमती अबही जगा तीव्र अभिलाष है तबही बूझ रहे कांत कामना परसत मन की कोर, भावना ठहर -ठहर प्रकटत उद्भावना मनपांखी बनी मनसिजा दूर देश मत जा। देख मेघ शिखि की इतराहत फुल्ल भाव ठुमकत ले राहत प्रसृत पंखपट , मटकत, झटकत नूपुर झनकत, कंकन खनकत केंकी के कें-कें में करुणा अनबुझ भाव भ्रमत पंजा दूर देश मत जा। ठहरी साँस परखत चित भामिनी उदी- उदी निरखत गजगामिनी आस बंधी आवन मदयामिनी कर विभोर निज तन-मन-सुधि सब धरा दिव्य लोक बन जा दूर देश मत जा। --माधव हमारे खबरों को शेयर करना न भूलें| हमारे यूटूब चैनल से अवश्य जुड़ें https://www.youtube.com/divyarashminews https://www.facebook.com/divyarashmimag |
| You are subscribed to email updates from दिव्य रश्मि समाचार. To stop receiving these emails, you may unsubscribe now. | Email delivery powered by Google |
| Google, 1600 Amphitheatre Parkway, Mountain View, CA 94043, United States | |

















